किसान संघ ने 17 सूत्री मांगों को लेकर किया प्रदर्शनः किसान सम्मान निधि दोगुनी करने और भूमि अधिग्रहण पर मुआवजे की मांग

22 September 2026

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किसान संघ ने 17 सूत्री मांगों को लेकर किया प्रदर्शनः किसान सम्मान निधि दोगुनी करने और भूमि अधिग्रहण पर मुआवजे की मांग

किसान संघ ने 17 सूत्री मांगों को लेकर किया प्रदर्शनः किसान सम्मान निधि दोगुनी करने और भूमि अधिग्रहण पर मुआवजे की मांग

भारतीय किसान संघ, उत्तर प्रदेश के आह्वान पर चंदौली में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन हुआ। यह प्रदर्शन विकास भवन के पास हुआ, जिसमें प्रांतीय अध्यक्ष इंद्रासन सिंह मुख्य अतिथि रहे। किसानों ने अपनी 17 सूत्री मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा।

भारतीय किसान संघ, उत्तर प्रदेश के आह्वान पर चंदौली में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन हुआ। किसानों ने अपनी 17 सूत्री मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा।
भारतीय किसान संघ, उत्तर प्रदेश के आह्वान पर चंदौली में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन हुआ। किसानों ने अपनी 17 सूत्री मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा।

उनकी मुख्य मांगों में भूमि अधिग्रहण में किसानों को बाजार मूल्य पर भुगतान, भूमि अधिग्रहण आयोग का गठन और किसान सम्मान निधि को दोगुना करना शामिल है। इसके अलावा, निराश्रित पशुओं की समस्या, सिंचाई, खाद और कृषि उपज की खरीद के लिए विपणन जैसी मांगें भी उठाई गईं।

मुख्य अतिथि इंद्रासन सिंह ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि किसान भूमि अधिग्रहण को लेकर परेशान हैं। उन्होंने मांग की कि किसानों को बाजार मूल्य का चार गुना मुआवजा दिया जाए। साथ ही, भूमिहीन हो चुके किसानों को नौकरी और रोजगार देने की बात भी कही।

प्रांतीय उपाध्यक्ष संतोष मिश्रा ने कहा कि किसानों की लागत बढ़ रही है, इसलिए किसान सम्मान निधि दोगुनी की जानी चाहिए। उन्होंने अंश निर्धारण में लापरवाह विभागीय कर्मचारियों और उर्वरक की कालाबाजारी पर स्थानीय कर्मचारियों की जवाबदेही तय करने की भी मांग की।

कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष मनोज सिंह ने की और प्रदर्शन में आए किसानों का आभार जताया। कार्यक्रम का संचालन जिला मंत्री विवेक पाण्डेय ने किया। इस मौके पर प्रांतीय महामंत्री रविशंकर सिंह, प्रांतीय संगठन मंत्री रामचेला, प्रांतीय मंत्री सदानंद भौर्य, जिला कोषाध्यक्ष शिवशंकर सिंह समेत सभी विकासखंडों के अध्यक्ष, मंत्री और किसान मौजूद रहे।

रिपोर्ट हरिशंकर तिवारी

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